20/07/2026
ये बात सच है कि छात्रों के ऊपर अगर आप लाठियां या आंसू गैस के गोले छोड़ेंगे, वो पूरी तरह से ग़लत है, इसका विरोध होना चाहिए। लेकिन ऐसे छात्रों को अच्छे से सबक भी सिखाया जाना चाहिए जो नेपाल और बांग्लादेश का उदाहरण देते हैं। नेपाल में जेन-जी ने क्या किया था? राष्ट्रपिता भवन जला दिया। अपने देश का संसद भवन जला दिया था। हमारे देश का अगर एक युवा भी ऐसी भाषा का इस्तेमाल करे तो ऐसे लोगों का दिमाग सही करना बेहद जरूरी है। ये सरकार की जिम्मेदारी है। जो हमारे अच्छे छात्र हैं, पढ़ाई सही तरीके से चले, जो चाहते हैं परीक्षा लीक ना हो, वो ढंग से चलें। छात्रों के ऊपर कोई बल प्रयोग नहीं होना चाहिए। हम छात्रों के साथ खड़े हैं। छात्र हमारे देश का भविष्य है। भारत सबसे पहले है। सरकारें आएंगी, जाएंगी। ये देश रहना चाहिए। हम छात्रों के साथ खड़े हैं लेकिन उन्हीं छात्रों में अगर कुछ युवा भटके हुए नजर आए और नेपाल बांग्लादेश का उदाहरण दें, तो ऐसे लोगों की पहचान होनी चाहिए। अगर वो बीजेपी के हैं, आरएसएस के हैं, कांग्रेस के या किसी भी पार्टी के हैं। उनका वीडियो, उनके चेहरे हमारे सामने हैं। ऐसे लोगों की पकड़ करके सरकार बताए कि क्या कार्रवाई कर रही है? ऐसे उदाहरण देने वालों के खिलाफ अगर कार्रवाई नहीं हुई तो सरकार का भी निकम्मापन माना जाएगा। अब क्या नेपाल और बांग्लादेश को उदाहरण दिया जाएगा इस देश में?
दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है। अब यही दिन देखना बाकी रह गया है कि अपनी संसद को जलाने वाले नेपाल के युवा को आप रोल मॉडल मानेंगे?