16/01/2026
मणिकर्णिका घाट वाराणसी के सबसे पवित्र एवं शास्त्रीय रूप से अत्यंत महत्वपूर्ण घाटों में से एक है, जहाँ प्रतिवर्ष लाखों लोग परंपरागत रीति-रिवाजों के अनुसार अंतिम संस्कार हेतु आते हैं,
मणिकर्णिका घाट पुनर्विकास परियोजना को दाह-संस्कार से संबंधित व्यवस्थाओं एवं सुविधाओं जैसे चिता प्लेटफॉर्म, लकड़ी भंडारण/विक्रय क्षेत्र, पूर्व-क्रिया क्षेत्र, मुंडन क्षेत्र, आगंतुकों के बैठने की व्यवस्था, शौचालय, पेयजल सुविधा आदि को बेहतर बनाने के उद्देश्य से परिकल्पित किया गया है,
यह परियोजना रुपा फाउंडेशन द्वारा अपनी सीएसआर (कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्व) प्रतिबद्धताओं के अंतर्गत वित्तपोषित एवं क्रियान्वित की जा रही है, यह परियोजना पिछले एक वर्ष से क्रियान्वयन की अवस्था में है,
वर्तमान विवाद घाट की सीढ़ियों पर आरंभ किए गए पुनर्निर्माण कार्य के परिणामस्वरूप उत्पन्न हुआ है, जिसमें घाट की सीढ़ियों से सटे ‘मढ़ी’ की दीवारों पर स्थापित कुछ आकृतियाँ, शिल्पकृतियाँ एवं मूर्तियाँ सीढ़ियों तथा मढ़ी के ऊपरी भाग के ध्वस्तीकरण के दौरान अपनी जगह से हटकर नीचे गिर गईं,
इस प्रक्रिया में प्रभावित हुई सभी मूर्तियों एवं शिल्पकृतियों को सुरक्षित रूप से एकत्र कर संरक्षण में रखा गया है, ताकि परियोजना के अंतर्गत उन्हें यथाशीघ्र पुनः स्थापित किया जा सके,
मणिकर्णिका घाट पर स्थित मसानेनाथ मंदिर, महाकाल मंदिर, तारकेश्वर महादेव मंदिर तथा अन्य सभी मंदिरों को यथावत संरक्षित एवं सुरक्षित रखा जाएगा,
सोशल मीडिया पर चल रहा विवाद गलत रूप से यह दर्शाने का प्रयास कर रहा है की मंदिरों को नुकसान पहुँचाया जा रहा है, जबकि वास्तविकता यह है कि केवल दाह-संस्कार से संबंधित सुविधाओं का उन्नयन किया जा रहा है,
सभी मंदिर पूर्णतः सुरक्षित हैं और उन्हें ज्यों का त्यों संरक्षित रखा जा रहा है,,
घाट की सीढ़ियों एवं मढ़ी पर स्थित सभी मूर्तियाँ, शिल्प एवं आकृतियाँ परियोजना के क्रियान्वयन के दौरान अपने मूल स्वरूप में पुनः स्थापित की जाएँगी..!!
आदरणीय डोमराजा परिवार स्वतः इस कार्य को कराने के लिए आदरणीय प्रधानमंत्री जी से आग्रह किया था।
बिपक्ष बाबा विश्वनाथ जी के धाम के पुनरबिकाश मे भी इस तरह की भ्रांति बना रहा था पर काशी के निवासी व देश के विश्वास का आज परिणाम हम सब के सनमुख काशी विश्वनाथ धाम अपनी आध्यात्मिक दिब्यता से विश्व को आलोकित कर रहा है।
यह भ्रम का जाल जनता के विश्वास के सनमुख चल नही पाता है।
बिपक्ष के पास इसके सिवा कुछ अब बचा नही है
काशी का बिकाश हो रहा है जनमानस का विश्वास अपने प्रधानसेवक आदरणीय प्रधानमंत्री श्री Narendra Modi जी पर है। #मणिकर्णिका_घाट_वाराणसी
Bharatiya Janata Party (BJP) BJP Uttar Pradesh Bhartiya Janta Party - Kashi Kshetra भारतीय जनता पार्टी, गंगापार, प्रयागराज