28/02/2026
*सात दिवसीय विशेष शिविर का हुआ समापन*
शासकीय महाविद्यालय ढीमरखेड़ा के प्रभारी प्राचार्य डॉ. बृजलाल अहिरवार के मार्गदर्शन एवं कार्यक्रम अधिकारी डॉ. कृष्ण कुमार नागवंशी, दलनायक अभिषेक कुमार, उप-दलनायक दीनदयाल चक्रवर्ती के नेतृत्व में राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई का सात दिवसीय विशेष शिविर शास. प्राथमिक विद्यालय सनकुई, तहसील ढीमरखेड़ा में आयोजित किया गया जिसके सातवें दिन स्वयंसेवकों ने प्रभात फेरी, योग,व्यायाम का अभ्यास किया उसके बाद दहेज प्रथा रोकने के लिए गांव में नारों के साथ जन-जागरण रैली निकालकर गांव में भ्रमण किया और ग्रामीणों से संवाद कर दहेज प्रथा को रोकने का आग्रह किया। इसके बाद शिविर समापन कार्यक्रम प्रारंभ किया गया, जिसमें अतिथियों ने मां सरस्वती को माल्यार्पण, पूजन-वंदन दीप प्रज्वलित किया। इसके पश्चात दीनदयाल चक्रवर्ती एवं प्रियंका कुम्हार ने अतिथियों को राष्ट्रीय सेवा योजना का बैज एवं तिलक लगाकर सम्मान किया।
प्रभारी प्राचार्य के रूप में उपस्थित डॉ. राजाराम सिंह ने स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय सेवा योजना नागरिक समाज को मजबूत करने के लिए उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है जो लोकतंत्र की बुनियाद को सुदृढ़ता देता है साथ ही उन्होंने अपने पूर्व अनुभवों को भी साझा किया।
डॉ. हर्षित द्विवेदी ने राष्ट्रीय सेवा योजना के महत्व पर प्रकाश डाला। इसी क्रम में ग्राम रोजगार सचिव श्री मोहम्मद राजा साहनी ने स्वयंसेवकों के सात दिन के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि, राष्ट्रीय सेवा योजना से जुड़कर विद्यार्थी अपने व्यक्तित्व के विकास कर राष्ट्र निर्माण में सहायक होते हैं। इसके बाद अंजलि पटेल ने लक्ष्य प्रस्तुत किया तथा चंद्रमुखी बर्मन, प्रिया अहीर ने सात दिवसीय शिविर के अनुभव साझा किये। अतिथियों के द्वारा सभी शिवरार्थियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। इस अवसर पर श्रीमती माया बाई लोधी सरपंच सनकुई, सचिव श्री गुमान सिंह बागरी सनकुई, ग्राम रोजगार सचिव मो.रजा साहनी सनकुई, श्री सुशील कुमार चौधरी प्रधान अध्यापक शास.प्राथमिक शाला सनकुई, सहायक अध्यापक श्रीमती अंजू, श्री अजय कुमार पटेल, श्री अश्वनी कुमार लोधी शास. प्राथमिक शाला सनकुई, डॉ. मनीषा व्यास, डॉ.श्वेता सिंह बघेल, डॉ.हर्षित, डॉ. अखिलेश द्विवेदी, डॉ. मनोज कुमार गुप्ता, श्रीमती स्मिता परसाई, श्री जवाहर लाल चौधरी, श्रीमती रेणुका नागवंशी, श्री सूर्यभान दाहिया, श्रीमती केतकी बर्मन, के साथ अधिक संख्या में विद्यार्थियों, ग्रामीणों की उपस्थिति रही। इस शिविर को सफल बनाने में दलनायक अभिषेक कुमार का विशेष योगदान रहा ।