24/10/2019
भारतीय लोकतंत्र को नमन। निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली पर अँगुली उठाने वालों को समझना पड़ेगा कि evm में गड़बड़ नही है, आपमें है। हरियाणा व महाराष्ट्र के जनादेश ने राजनेताओं को बता दिया है कि भारत में लोकतंत्र है वक्त बदलते बार नही लगती।अभी से सम्भल जाओ,आजकल जनता नाविक बन गई है लहरें नुकसानदायी हो जाएं तो लहरों के विपरीत भी नाव अच्छी चलाते हैं।
हरियाणा के परिणामों ने क्षेत्रीय दलों की भूमिका को पुनर्जीवित किया है जो भारतीय राजनीति के लिए सकारात्मक है। राष्ट्रवादी विचारधारा देश की संप्रभुता के लिये आवश्यक है लेकिन राष्ट्रवाद से हटकर भी बहुत कुछ है, उस पर भी ध्यान दो जनाब।कट्टरता से आप अर्श या फर्श दोनों के बहुत करीब होते हो,बात राजनीति, धर्म की हो या अन्य किसी भी विषय की। निरंकुशता पर लगाम के लिए संभावी चुनौतियां आवश्यक हैं।
जीतने वाले सभी प्रत्याशियों को बधाइयाँ।