09/07/2026
“ज्ञान, शील और एकता” के आदर्शों को जीवन का आधार बनाकर राष्ट्रवादी छात्र शक्ति का निर्माण करने वाले अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के स्थापना दिवस पर सभी वर्तमान एवं पूर्व कार्यकर्ताओं को हार्दिक शुभकामनाएँ।
1949 से आज तक ABVP केवल एक छात्र संगठन नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण का एक सशक्त जनआंदोलन,नेतृत्व निर्माण की प्रयोगशाला और युवा चेतना का प्रखर केंद्र रही है।परिषद ने शिक्षा को केवल डिग्री प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि चरित्र निर्माण, राष्ट्रीय चेतना, सामाजिक समरसता और भारत के पुनर्निर्माण का सशक्त साधन माना है।
देश के प्रत्येक संकट, सामाजिक परिवर्तन और राष्ट्रीय आवश्यकता के समय ABVP के कार्यकर्ताओं ने सेवा, संगठन और समर्पण की अद्वितीय परंपरा का निर्वहन किया है। विश्वविद्यालय परिसरों से लेकर समाज जीवन के प्रत्येक क्षेत्र तक परिषद के कार्यकर्ताओं ने अपने परिश्रम,अनुशासन और राष्ट्रभक्ति से अमिट छाप छोड़ी है।
आज विकसित भारत के अमृतकाल में Akhil Bharatiya Vidyarthi Parishad (ABVP) का संकल्प और भी अधिक प्रासंगिक है ।ऐसा भारत जहाँ युवा केवल अपने भविष्य का नहीं, बल्कि राष्ट्र के भविष्य का भी निर्माता बने।
आइए, स्थापना दिवस के इस पावन अवसर पर राष्ट्र प्रथम की भावना के साथ शिक्षा, सेवा, संस्कार और संगठन के पथ पर चलकर विकसित, आत्मनिर्भर और विश्वगुरु भारत के निर्माण में अपना सक्रिय योगदान देने का संकल्प लें।