10/05/2026
YSNM College मेदिनीनगर,पलामू में आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी में “झारखंड की जनजातीय खाद्य संस्कृति,मिथकों को तोड़ते हुए स्वदेशी पोषण का पुनर्जीवन” विषय पर वक्ता के रूप में शामिल होने का अवसर प्राप्त हुआ।
इस दौरान झारखंड की समृद्ध जनजातीय खाद्य परंपराओं,प्राकृतिक एवं पौष्टिक आहार,मिलेट्स,वन उपज और पारंपरिक भोजन पद्धतियों के महत्व पर अपने विचार साझा किए।
हमारी आदिवासी खाद्य संस्कृति केवल भोजन नहीं,बल्कि प्रकृति के साथ संतुलन,स्वास्थ्य और आत्मनिर्भर जीवनशैली का प्रतीक है। आवश्यकता है कि हम अपने पारंपरिक ज्ञान और स्वदेशी पोषण को नई पीढ़ी तक पहुँचाकर इसे पुनर्जीवित करें।