Achrol Gurdwara Sahib ji

Achrol Gurdwara Sahib ji अचरोल गुरुद्वारा साहिब National Highway 248 jaipur Delhi road Achrol हैं जी।

1. गुरुद्वारा कन्ध साहिब- बटाला (गुरुदासपुर) गुरु नानक का यहाँ बीबी सुलक्षणा से 16 वर्ष की आयु में संवत्‌ 1544 की 24वीं जेठ को विवाह हुआ था। यहाँ गुरु नानक की विवाह वर्षगाँठ पर प्रतिवर्ष उत्सव का आयोजन होता है।

2. गुरुद्वारा हाट साहिब- सुल्तानपुर लोधी (कपूरथला) गुरुनानक ने बहनोई जैराम के माध्यम से सुल्तानपुर के नवाब के यहाँ शाही भण्डार के देखरेख की नौकरी प्रारम्भ की। वे यहाँ पर मोदी बना दिए गए। न

वाब युवा नानक से काफी प्रभावित थे। यहीं से नानक को 'तेरा' शब्द के माध्यम से अपनी मंजिल का आभास हुआ था।[7]

3. गुरुद्वारा गुरु का बाग- सुल्तानपुर लोधी (कपूरथला) यह गुरु नानकदेवजी का घर था, जहाँ उनके दो बेटों बाबा श्रीचन्द और बाबा लक्ष्मीदास का जन्म हुआ था।

4. गुरुद्वारा कोठी साहिब- सुल्तानपुर लोधी (कपूरथला) नवाब दौलतखान लोधी ने हिसाब-किताब में ग़ड़बड़ी की आशंका में नानकदेवजी को जेल भिजवा दिया। लेकिन जब नवाब को अपनी गलती का पता चला तो उन्होंने नानकदेवजी को छोड़ कर माफी ही नहीं माँगी, बल्कि प्रधानमन्त्री बनाने का प्रस्ताव भी रखा, लेकिन गुरु नानक ने इस प्रस्ताव को ठुकरा दिया।

5.गुरुद्वारा बेर साहिब- सुल्तानपुर लोधी (कपूरथला) जब एक बार गुरु नानक अपने सखा मर्दाना के साथ वैन नदी के किनारे बैठे थे तो अचानक उन्होंने नदी में डुबकी लगा दी और तीन दिनों तक लापता हो गए, जहाँ पर कि उन्होंने ईश्वर से साक्षात्कार किया। सभी लोग उन्हें डूबा हुआ समझ रहे थे, लेकिन वे वापस लौटे तो उन्होंने कहा- एक ओंकार सतिनाम। गुरु नानक ने वहाँ एक बेर का बीज बोया, जो आज बहुत बड़ा वृक्ष बन चुका है।

6. गुरुद्वारा अचल साहिब- गुरुदासपुर अपनी यात्राओं के दौरान नानकदेव यहाँ रुके और नाथपन्थी योगियों के प्रमुख योगी भांगर नाथ के साथ उनका धार्मिक वाद-विवाद यहाँ पर हुआ। योगी सभी प्रकार से परास्त होने पर जादुई प्रदर्शन करने लगे। नानकदेवजी ने उन्हें ईश्वर तक प्रेम के माध्यम से ही पहुँचा जा सकता है, ऐसा बताया।

7. गुरुद्वारा डेरा बाबा नानक- गुरुदासपुर जीवनभर धार्मिक यात्राओं के माध्यम से बहुत से लोगों को सिख धर्म का अनुयायी बनाने के बाद नानकदेवजी रावी नदी के तट पर स्थित अपने फार्म पर अपना डेरा जमाया और 70 वर्ष की साधना के पश्चात सन्‌ 1539 ई. में परम ज्योति में विलीन हुए।

8.ईसवी संवत 2019, सिक्खों के आदि गुरु , गुरुनानक जी, के जन्म का 550 प्रकाश पर्व या वर्ष है। 9 नवम्बर, 2019 (शनिवार) के दिन प्रधानमन्त्री श्री नरेन्द्र मोदी ने पंजाब के गुरदासपुर जिले के डेरा बाबा नानक चेकपोस्ट से गुरुनानक जी के पाकिस्तान के पंजाब प्रान्त के नारोवाल जनपल में स्थित समाधि-स्थल पर निर्मित गुरुद्वारा करतारपुर साहिब या गुरुद्वारा दरबार साहिब को जोड़ने वाले 4.5 किलोमीटर लम्बे गलियारे के जरिये लगभग 500 तीर्थयात्रियों के पहले जत्थे को हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया ।

Waheguru ji 🙏🙏🌹🌹
04/06/2026

Waheguru ji 🙏🙏🌹🌹

*🪯  गुरुद्वारा श्री गुरु नानक देव जी  🪯*                 *(जरुरी बेंनती)**🌹 अज - 31 /05 /26 - ( ऐतवार ) नूं हफतावारी दिव...
31/05/2026

*🪯 गुरुद्वारा श्री गुरु नानक देव जी 🪯*

*(जरुरी बेंनती)*

*🌹 अज - 31 /05 /26 - ( ऐतवार ) नूं हफतावारी दिवान अते गुरु घर आन वालिंया संगता वास्ते गुरु के (लंगर) तैयार किते गये जी* 🌹

*🌹 अज - 31 /05 /26 - ( ऐतवार ) शाम नूं बच्चियां नू बिस्कुट टाफीयां वरताये गये जी* 🌹

*🌹 संगता नू बेनती गुरु घर दिया हाजरिया भर के ते गुरु घर दी सेवा कर के अपना जीवन सफला करो जी* 🌹

*🙏 ( वाहेगुरु जी का खालसा वाहेगुरु जी की फ़तेह जी )* 🙏

*🌹 ( पिंड अचरोल 🌹जयपुर दिल्ली रोड )* 🌹
*🌹 सम्पंर्क नं. 8385816209 - 8385816212 🌹 **

*🪯   गुरुद्वारा श्री गुरु नानक देव जी   🪯*                 *(जरुरी बेंनती)**🌹अज_ 31 /05 /26 - ( ऐतवार ) नूं हफतावारी दिव...
31/05/2026

*🪯 गुरुद्वारा श्री गुरु नानक देव जी 🪯*

*(जरुरी बेंनती)*

*🌹अज_ 31 /05 /26 - ( ऐतवार ) नूं हफतावारी दिवान अते गुरु घर आन वालिंया संगता वास्ते गुरु के (लंगर) तैयार किते जानगे जी* 🌹

*🌹अज_ 31 /05 /26 - ( ऐतवार ) शाम नूं बच्चियां नू बिस्कीट और टोफियां वरताये जानगे जी* 🌹

*🌹 संगता नू बेनती गुरु घर दिया हाजरिया भर के ते गुरु घर दी सेवा कर के अपना जीवन सफला करो जी* 🌹

*🙏 ( वाहेगुरु जी का खालसा वाहेगुरु जी की फ़तेह जी )* 🙏

*🌹 ( पिंड अचरोल 🌹जयपुर दिल्ली रोड )* 🌹
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