27/10/2025
एक अत्यंत सकारात्मक और प्रेरक समाचार साझा करते हुए बेहद खुशी हो रही है।
कानपुर का राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (GGIC), चुन्नीगंज में जिला प्रशासन, प्रधानाचार्या श्रीमती मंगलम गुप्ता जी ने एक ऐसी मिसाल पेश की है, जो पूरे प्रदेश के लिए अनुकरणीय है।
ज्ञात हुआ कि विद्यालय में कक्षा 9 से 12 की छात्राओं की उपस्थिति दर काफी कम थी, जो लगभग 25-30% ही रहती थी। इस चुनौती का सामना करने के लिए, विद्यालय प्रबंधन ने एक अभिनव कदम उठाया और छात्राओं के लिए एक विशेष 'टेस्टी मिड-डे मील' (स्वादिष्ट और पौष्टिक भोजन) की व्यवस्था शुरू की।
इस पहल का परिणाम अभूतपूर्व रहा है। कुछ ही समय में, विद्यालय में छात्राओं की उपस्थिति 25-30% से बढ़कर 75% से भी अधिक हो गई है। जहाँ पहले उपस्थिति 200-225 के आस-पास रहती थी, वहीं अब यह संख्या 350 को पार कर गई है।
सबसे हृदयस्पर्शी बात यह है कि विद्यालय की शिक्षिकाएं भी स्वयं छात्राओं के साथ बैठकर वही भोजन करती हैं। यह न केवल भोजन की गुणवत्ता सुनिश्चित करता है, बल्कि छात्राओं और शिक्षकों के बीच एक मजबूत और विश्वास का रिश्ता भी बनाता है।
यह प्रयास दर्शाता है कि जब हम अपने बच्चों को सही पोषण और अपनत्व का माहौल देते हैं, तो वे अपनी पढ़ाई पर बेहतर ध्यान केंद्रित कर पाते हैं।
यह 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' अभियान को ज़मीनी स्तर पर सार्थक करने का एक उत्कृष्ट उदाहरण है।