31/07/2026
*कर्मण्येवाधिकारस्ते मा फलेषु कदाचन।*
*मा कर्मफलहेतुर्भूर्मा ते सङ्गोऽस्त्वकर्मणि॥*
धर्मनगरी कुरुक्षेत्र की पावन धरती से भगवान श्रीकृष्ण द्वारा दिया गया यह दिव्य गीता संदेश आज भी उतना ही प्रेरणादायी और प्रासंगिक है। मेरे सभी समर्पित कार्यकर्ता इसी निष्काम कर्म के सिद्धांत को अपने जीवन में आत्मसात करते हुए वर्षों से निष्ठा, समर्पण और आत्मीयता के साथ मेरे साथ खड़े हैं तथा सच्चे राजनीतिक संबंधों का एक प्रेरक उदाहरण प्रस्तुत कर रहे हैं।
सिरसा और पानीपत के पश्चात आज कुरुक्षेत्र में आयोजित ऐतिहासिक स्नेह मिलन एवं जलपान कार्यक्रम में उमड़े अपार जनसमूह ने यह स्पष्ट कर दिया कि वास्तविक रिश्ते किसी पद, सत्ता या स्वार्थ से नहीं, बल्कि विश्वास, अपनत्व और समर्पण से निर्मित होते हैं। यह आयोजन केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि वर्षों से चले आ रहे संघर्ष, सेवा, विश्वास और पारिवारिक संबंधों का भव्य उत्सव बन गया।
इस अभूतपूर्व जनसमर्थन और स्नेह को देखकर हृदय स्वाभाविक रूप से स्वर्गीय युगपुरुष चौधरी भजनलाल जी के पावन स्मरण से भर उठता है। यद्यपि उन्हें हमारे बीच से गए अनेक वर्ष बीत चुके हैं, फिर भी उनका आशीर्वाद, उनके संस्कार और जनता के हृदय में उनके प्रति सम्मान व प्रेम आज भी उसी प्रकार जीवंत और अटूट है।
मेरे लिए प्रत्येक कार्यकर्ता केवल संगठन का साथी नहीं, बल्कि मेरी सबसे बड़ी शक्ति, मेरी अमूल्य धरोहर और मेरी पहचान है। आप सभी का विश्वास, स्नेह और समर्पण मेरे जीवन की सबसे बड़ी पूँजी है, जिसे मैं सदैव अपना सौभाग्य और अमूल्य दायित्व मानता हूँ।
मैं यह विश्वास दिलाता हूँ कि उचित समय आने पर आपके विश्वास, त्याग और समर्पण का सम्मान करने तथा आपके साथ हर परिस्थिति में मजबूती से खड़े रहने का हरसंभव प्रयास करूँगा।
आप मेरे कार्यकर्ता नहीं, मेरे परिवार हैं। और परिवार कभी परिस्थितियों से नहीं बदलता। यही परिवार मेरी सबसे बड़ी शक्ति है, मेरी सबसे बड़ी पूँजी है और मेरे जीवन का सबसे बड़ा सम्मान है।
एक बार पुनः आज के इस ऐतिहासिक एवं अभूतपूर्व रूप से सफल स्नेह मिलन एवं जलपान कार्यक्रम की सफलता के लिए मैं कुरुक्षेत्र के अपने प्रत्येक आत्मिक पारिवारिक साथियों को दिल की गहराइयों से हार्दिक बधाई और साधुवाद देता हूँ।
आप सबने केवल एक कार्यक्रम को सफल नहीं बनाया, बल्कि यह सिद्ध कर दिया कि विश्वास, प्रेम और परिवार का रिश्ता समय और परिस्थितियों से कहीं अधिक मजबूत होता है।
आप सभी को मेरा हृदय से प्रणाम। 🙏