30/07/2026
28/7/2026 को एचआरटीसी नाहन के सौजन्य से प्रदेश सरकार द्वारा बेरोजगार युवकों को रोजगार प्रदान
करने के संबंध मे इलेक्ट्रिक और डीजल बसों को
अधिसूचित मार्ग पर चलाय जाने के संबंध में आयोजित सभा में अपनी उपस्थिति दर्ज की।इस सन्दर्भ में एचआरटीसी द्वारा जानकारी उपलब्ध करवाई गई कि प्रदेश सरकार द्वारा बेरोजगार युवकों को स्वरोजगार योजना के तहत इलेक्ट्रिक तथा डीजल बसों की खरीद पर 50% तथा 30% अनुदान (subsidy) प्रदान किया जाएगा.उन्होंने यह भी बताया कि लाभार्थियों को इस योजना के तहत इलेक्ट्रिक बसों के लिए पैंसठ हजार रुपए तथा डीजल बसों के लिए पचास हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि प्रतिमाह प्रदान की जाएगी.
चलायी जा रहीयोजना के लिए आवेदक को हिमाचल प्रदेश का स्थायी निवासी होना अनिवार्य होगा. उसकी आयु 25 से 50 वर्ष के बीच होनी चाहिए तथा उसके पास कम-से-कम तीन वर्ष का अनुभव और वैध हेवी ड्राइविंग लाइसेंस होना आवश्यक होगा. बस का संचालन स्वयं लाभार्थी द्वारा किया जाएगा.राज्य के रोजगार कार्यालयों में पंजीकृत अभ्यर्थियों को प्राथमिकता दी जाएगी तथा चयन प्रक्रिया में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के आवेदकों को वरीयता दी जाएगी।इच्छुक लाभार्थी अधिकतम जानकारी के लिए एचआरटीसी नाहन के कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं .
इसके अतिरिक्त आरएम एचआरटीसी,नाहन से निवेदनकिया गया किया गया कि जो बस नाहन से सुबह 7 बजे वाया बिरला -भरोग बनेड़ी ,गातु तथा सरा तक चलती है,उसका रूट राजबन तक किया जाय.यह भी निवेदन किया गया कि जो बस शाम के समय नाहन से गातु के लिए वाया बिरला भरोग बनेड़ी चलती है,उसका रूट आगे राजबन तक बढ़ाया जाए तथा उसका रात्रि ठहराव गातू के अपेक्षा राजबन किया जाए. जिससे छछेती, सरा ,सालगसड्डी तथा मालगी के लोगों को भी इस बस सुविधा का लाभ मिल सके तथा प्रातः वह बस राजबंन से सुबह सात बजे नाहन के लिए वाया गातु ,भरोग बनेडी ,बिरला चले जिससे सैकड़ों स्कूली छात्रों तथा सरकारी कर्मचारियों को इस बस की सुविधा मिलेगी.जिस पर आरएम द्वारा गहनता से विचार विमर्श करने का आश्वासन प्रदान किया.
इसके अतिरिक्त,आरएम एचआरटीसी से यह भी निवेदन किया गया कि जो बस दिन के समय में Dadahu से खाली- अछौन तथा चण्डगयारी तक चलती थी उसे एचआरटीसी द्वारा पिछले कई दिनों से बंद किया गया है,उसे पुनः बहाल किया जाए।
RM द्वारा जानकारी उपलब्ध करवाई गई कि दिन के समय में इस बस रूट पर बहुत ही कम सवारियां उपलब्ध है,जिसके कारण एचआरटीसी को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा था.परंतु स्थानीय जनता की परेशानी को देखते देखते हुए,उन्होंने इस बस सेवा को पुनः एक सप्ताह के लिए सशर्त चलाने की सहमति प्रदान की है।