18/03/2014
बिहारी होने के लक्षण-
टेंशन नहीं लेते हमारे यहाँ, क्योंकि "लोड नहीं लेना चाहिये".
जान से नहीं मारते किसी को, मार के "मुआ" देते हैं।
सरप्राइज पसंद नहीं काहे कि "अलबला" जाते हैं।
शॉपिंग नहीं करने जाते, सामान "कीनने" जाते हैं ।
इडियट और डम्ब ऐस क्या होता है? सब भकलोल होता है।
बोरोलीन लगाते हैं , डेटौल नहीं काहे कि डेटौल से "परपराने" लगता है।
टेंशन में हमलोग "हदस" जाते हैं।
हमारे यहाँ शर्ट नहीं बुशर्ट होता है।
हमारे यहाँ awesome और epic कुछ नहीं होता, सब "गरदा" होता है।
फ़ालतू का show off हमारे यहाँ "सुक्खल फुटानी" होता है।
हमारे यहाँ बच्चा नहीं "बुतरू" होता है।
हर ट्रेक्टर और ट्रक के पीछे लिखा होता है- "लटकल त गेल बेटा"
ज्यादा कम कुछ नहीं होता सब "तन्नी मन्नी" होता है।
बिजली क्या होती है, हमारे यहाँ तो लाइन आती है।
Bad Day हमारे यहाँ नहीं होता, केवल "जतरा" खराब होता है।
"लहरिया कट" हमारा फेवरेट बाइक स्टंट होता है।
हमलोग रोड दो साइड नहीं " चारों पट्टी" देख के पार करते हैं।
हमारे यहाँ कपड़ा को धोया नहीं "फींचा" जाता है।
हमलोग गला नहीं दबाते "नरेटी चीप देते हैं"।
हमारे यहाँ कुत्ता भगाता नहीं, "रगेद" देता है।
कम्पटीशन का चीज है, हम लोग के आगे कोई नहीं "सकेगा" ।
हमलोग नाराज़ नहीं होते, हम लोग को "खीस बरता है"।
हमलोग को मच्छर काटता नहीं "भम्भोर" लेता है।
हमलोग ताकत नहीं "बरियारी" दिखाते हैं ।
हमलोग इरिटेट नहीं होते , हम लोगों को "अन्नस" लगता है।
धत तोरा के जै रहो महाराज के।