'युवा सेवा संघ' से संबंधित सामान्य तौर पर पूछे जानेवाले कुछ प्रश्न ः
1. युवा सेवा संघ का लक्ष्य क्या है ? समाज के लिए इसके क्या फायदे हैं ?
पिछले कई वर्षों से लाखों युवानों ने पूज्य बापूजी के सम्पर्क में आकर अपने जीवन में आश्चर्यजनक उन्नति की है और आज भी कर रहे हैं। जीवन में उत्तम संग, सत्साहित्य का अध्ययन, निष्काम कर्मयोग तथा महापुरुषों का मार्गदर्शन हो तो हमारे लिए अपना लक्ष्य प्राप्त करना आसान
हो जाता है। आज के कम्प्यूटर एवं विज्ञान युग में दौड़भाग का स्पर्धात्मक जीवन जीनेवाले युवकों को ये चारों चीजें इकट्ठी प्राप्त होना बड़ा ही दुर्लभ संयोग है । 'युवा सेवा संघ' के माध्यम से युवाओं के लिये ये दुर्लभ संयोग सुलभ कराने हेतु तथा उनके सुखी, स्वस्थ व उन्नत जीवन के लिए हम प्रयत्नरत हैं।
अगर आप पूछते हैं कि समाज के लिए इसके क्या फायदे हैं ? तो सभी जानते हैं कि किसी भी देश की मजबूती और उन्नति उसकी युवा पीढ़ी पर ही निर्भर करती है। देश के युवा अगर सच्चरित्रवान्, उच्च विचार व आचार वाले हों तो देश भी वैसा ही होता है। और देश के युवा अगर मॉडर्नायजेशन के नाम पे फैशनबाजी, फ्री सेक्स, नास्तिकवाद की तरफ मुड़ेंगे तो क्या हाल होगा ? समझदार खुद ही सोच सकते हैं।
2. युवा सेवा संघ से जड़ने पर मुझे क्या फायदे होंगे ?
मनुष्य एक सामाजिक प्राणि है। उसे अपनी इच्छाओं, उद्देश्यों को पूरा करने के लिए समाज पर निर्भर रहना पड़ता है। यदि आप कभी किसी राजनैतिक/सामाजिक संगठन से जुड़े हों तो आप समझ सकते हैं कि संघ के साथ जुड़ने पर अपनी व्यक्तिगत इच्छाओं, उद्देश्यों को पूरा करना कितना आसान हो जाता है और साथ ही समाज की सेवा का लाभ भी हो जाता है। अब ये अलग बात है कि कई बार राजनैतिक/सामाजिक संगठनों के पदाधिकारी अपने सदस्यों का गलत फायदा भी उठा लेते हैं जिससे सदस्यों की काफी निराशा होती है। हम टीका नहीं कर रहें पर अक्सर ऐसा होता है।
लेकिन 'युवा सेवा संघ' एक आध्यात्मिक संगठन है। दुनिया जानती है कि लोकहितपरायण पूज्य बापूजी के द्वारा हो रही सेवा-प्रवृत्तियाँ तथा उनके सत्संग-प्रवचन मानवमात्र के लिए वरदान हैं। अतः एक ब्रह्मज्ञानी संत की शरण में आपको आत्मनिर्भरता, हर परिस्थिति में डटे रहने का साहस, भारत की पावन संस्कृति की शिक्षा तथा आदर्श मनुष्य-जीवन के सुयोग प्राप्त होंगे इससे बड़ा लाभ क्या हो सकता है ? और फिर आप एक राष्ट_व्यापी आध्यात्मिक संगठन से जुड़े हैं इसका गौरव भी तो प्राप्त करेंगे।
3. युवा सेवा संघ का स्ट_क्चर क्या है ?
युवा सेवा संघ तीन स्तरों पर काम करता है।
1. केन्द्रीय युवा संघ ः यह युवा संघ का केन्द्रीय मुख्यालय है जहाँ से देश-विदेश की सारी गतिविधियों का संचालन होता है।
2. राज्यप्रमुख युवा संघ ः हर राज्य में राज्य के विस्तार अनुसार एक/दो राज्यप्रमुख संघ चुने जाते हैं जो राज्य के सारे क्षेत्रीय संघों का नियंत्रण करते हैं।
3. क्षेत्रीय युवा संघ ः केन्द्रीय युवा संघ की सदस्यता प्राप्त किये हुए युवकों द्वारा देश-विदेश के विभिन्न क्षेत्रों में 'केन्द्रीय युवा संघ' के निर्देशानुसार जिन युवा सेवा संघों का संचालन होता है, उन्हें 'क्षेत्रीय युवा संघ' कहते हैं।
युवा सेवा संघ के स्ट_क्चर की विस्तृत जानकारी के लिए पढ़ें - 'युवा सेवा संघ मार्गदर्शिका'
4. युवा सेवा संघ से कैसे जुड़ें ?
16 से 40 वर्ष के कोई भी युवक जिन्हें पूज्य बापूजी से मंत्रदीक्षा मिली हो, युवा सेवा संघ का 'सदस्यता आवेदन पत्र' भर सकते हैं। जिन्होंने मंत्रदीक्षा नहीं प्राप्त की हो, वे क्षेत्रीय युवा संघ की संस्कार सभा व सेवाकार्यों के माध्यम से युवा सेवा संघ से जुड़ सकते हैं। सदस्यता की अधिक जानकारी के लिए यहाँ क्लीक करें। (link of Sadasyata Tab)
5. युवा सेवा संघ से जुड़ने के बाद सदस्य को क्या करना होगा ?
युवा संघ से जुड़ने पर सदस्य को अपने इलाके के 'क्षेत्रीय युवा सेवा संघ' से संपर्क करके हर सप्ताह में एक/दो बार होनेवाली 'संस्कार सभा' में उपस्थित रहना है। साथ ही क्षेत्रीय युवा संघ द्वारा समय-समय पर होनेवाली सेवा-प्रवृत्तियों में अपना सक्रिय सहयोग देना है।
यदि सदस्य के अपने इलाके में अभी क्षेत्रीय संघ स्थापित नहीं हुआ है तो वह किसी नजदीकी युवा संघ से संपर्क करके वहाँ होनेवाली 'संस्कार सभा व सेवा-प्रवृत्तियों' में सहभागी हो सकता है।
और यदि वह अपने क्षेत्र में संघ स्थापित कराना चाहता है तो केन्द्रीय मुख्यालय से संपर्क करके जानकारी प्राप्त कर सकता है। (link of Head Office Address)
6. 'क्षेत्रीय युवा संघ' की स्थापना करने के लिए किन चीजों की आवश्यकता है ?
क्षेत्रीय युवा संघ स्थापन करने के लिए सबसे पहले मुख्यालय से संपर्क करना जरूरी है। उसके बाद अपने इलाके के पूज्यश्री से मंत्रदीक्षित 16-40 वर्ष के कम-से-कम 15 युवकों के आवेदन-फार्म भरवाके उन्हें 'अहमदाबाद मुख्यालय' अथवा पूज्यश्री के चालू सत्संग-कार्यक्रम में लगे 'युवा सेवा संघ कार्यालय' में जमा करें। फिर 'मार्गदर्शिका' का अच्छी तरह से अध्ययन करके मुख्यालय के निर्देशानुसार 'क्षेत्रीय युवा सेवा संघ' का गठन कर सकते हैं।
7. क्या युवा सेवा संघ के सदस्य नियमित रूप से मिलते हैं ? कब और कितनी बार ?
हाँ ! क्षेत्रीय युवा संघ द्वारा प्रति सप्ताह एक-से-डेढ़ घंटे की एक 'संस्कार सभा' आयोजित की जाती है जिसमें उस क्षेत्र के सभी सदस्य सहभागी होते हैं। क्षेत्र का विस्तार ज्यादा हो तो आवश्यकतानुसार दो/तीन जगह पर भी संस्कार सभा का आयोजन किया जा सकता है। इसके अलावा किसी सेवाकार्य या प्रकल्प (Project) के नियोजन हेतु भी ये सदस्य एकत्रित होते हैं।
8. युवा संघ की नियमित सेवा-प्रवृत्तियाँ क्या हैं ?
युवा संघ की नियमित सेवाओं में मुख्य दो सेवाएँ हैं ः
एक है प्रति सप्ताह होनेवाली 'संस्कार सभा'। जिसका मुख्य उद्देश्य है युवा संघ से जुड़े युवानों की भौतिक व आध्यात्मिक दोनों तरह की उन्नति।
दूसरी है 'ग्रंथालय सेवा'। आजकल अधिकतम ग्रंथालयों में नॉवेल, कार्टून जैसे समय व मन दोनों का नाश करनेवाले साहित्यों की भरमार लगी रहती है। जबकि युवा संघ द्वारा चलाये जानेवाले इस ग्रंथालय में संतों-महापुरुषों के जीवन-चरित्र, व्यक्तित्त्व विकास, बौध्दिक विकास व भारतीय संस्कृति की गूढ़ परंपराओं का रहस्य खोलनेवाले अनमोल साहित्यों का खजाना प्राप्त हो सकेगा।
9. इन नियमित सेवाओं के अलावा युवा सेवा संघ के माध्यम से और क्या प्रवृत्तियाँ की जाती है ?
उपरोक्त नियमित सेवाओं के अलावा बहुत-सी प्रवृत्तियाँ युवा संघ के माध्यम से की जाती हैं। जैसे -
तेजस्वी युवा अभियान, व्यसनमुक्ति अभियान, जीवन विकास अभियान, मातृ-पितृ पूजन दिवस, अनाथालय-वृध्दाश्रम आदि में सहाय, वृक्षारोपण सेवा आदि। इनके अलावा कई प्रोजेक्ट्स मुख्यालय द्वारा समय-समय पर निर्धारित किये जाते हैं और क्षेत्रीय संघों तक उसकी योजना पहुँचायी जाती है। इन सेवाकार्यों की विस्तृत जानकारी के लिए पढ़ें - 'युवा सेवा संघ मार्गदर्शिका'।
10. क्या महिलाएँ 'युवा सेवा संघ' में शामिल हो सकती हैं ?
हाँ ! लेकिन उनकी प्रवेश-प्रक्रिया और प्रवृत्तियाँ कुछ अलग हैं जो कि अभी विकासरत हैं। इसकी विशेष जानकारी के लिए महिलाएँ 'महिला उत्थान मंडल, अहमदाबाद' में संपर्क कर सकती हैं।
11. युवा सेवा संघ से संबंधित कोई साहित्य उपलब्ध है ? क्षेत्रीय व राज्यप्रमुख युवा संघों को मुख्यालय से क्या सामग्री प्राप्त होती है ?
युवा सेवा संघ के संबंध में संपूर्ण जानकारी देनेवाली पुस्तिका है - 'युवा सेवा संघ मार्गदर्शिका'। इसके अलावा विभिन्न प्रवृत्तियों के लिए जिस सामग्री की आवश्यकता होती है वह समय-समय पर मुख्यालय द्वारा क्षेत्रीय युवा संघों को भेज दी जाती है।